Friday, May 25, 2012

आपसे  बातचीत  के 500 लम्हे ...अर्थात  पांच  सौवीं  पोस्ट ...उन  सभी  को  धन्यवाद  जिन्होंने  इस  ब्लॉग  के  झरोखे  से  कभी  न  कभी  झाँक  कर   मेरी हौसला-अफज़ाई  की ...

1 comment:

  1. फ़्रिल-फ़्री, विशुद्ध कंटॆण्ट वाले ब्लॉग्स में आपका ब्लॉग एक विशिष्ट स्थान रखता है। 500 प्रविष्टियों का सफ़र मुबारक हो। ऐसी और अनगिनत प्रविष्टियों की शुभकामनायें!

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 ये बात ठीक नहीं, पर किया क्या जाए? मैं 73 साल का हो गया पर मुझे परस्पर संबंध मेंटेन करना नहीं आया। इस उलझन ने मेरी कई उपलब्धियों की भ्रूणहत...

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